मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 253 करोड़ रुपये की 177 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास किया व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया
गोरखपुर।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बुधवार को गोरखपुर नगर निगम परिसर में स्वच्छ सर्वेक्षण में गोरखपुर को उत्कृष्ट योगदान देने वाले सफाई मित्रों के सम्मान और 253 करोड़ रुपये की 177 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास समारोह को संबोधित करते हुए कहा की सभी नागरिकों को सावन माह की शिवरात्रि की शुभकामनाएं , और स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 में सफाई मित्र सुरक्षित शहर श्रेणी में देशभर में तीसरा स्थान प्राप्त किया है।
इसके साथ ही गोरखपुर को 3 से 10 लाख की आबादी की श्रेणी में चौथी नेशनल रैंक मिली है। जबकि गत वर्ष गोरखपुर 24वें और उसके पहले 74वें स्थान पर था। तीन साल में गोरखपुर की स्वच्छता रैंकिंग 74 से चौथे स्थान पर आने को बड़ी उपलब्धि बताते हुए मुख्यमंत्री कहा है कि अब अगली प्रतिस्पर्धा टॉप-थ्री में आने की होनी चाहिए और इसमें हर व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करना होगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि गत वर्ष उन्होंने गोरखपुर को स्वच्छता के लिए टॉप-टेन शहरों में आने का टारगेट दिया था। यह टारगेट पूरा कर लिया गया है। गोरखपुर अपनी श्रेणी में नम्बर एक पर भी आ सकता है, इसलिए हम सबको अगले साल के लिए टॉप-थ्री का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ना होगा और इसमें सबको अपनी जिम्मेदारी समझनी होगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लोगों को याद दिलाया कि पहले गोरखपुर को लेकर क्या चर्चा होती थी। कहा कि पहले गोरखपुर की चर्चा, मच्छर, माफिया, गंदगी, अव्यवस्था और अराजकता को लेकर होती थी। बुनियादी सुविधाओं के अभाव से त्रस्त पूरा शहर जाम में फंसा रहता था। एक बारिश में शहर जलमग्न हो जाता था। आज इन सबसे निजात मिल चुकी है। अब एक नए भारत के लिए नए उत्तर प्रदेश में गोरखपुर भी एक नया गोरखपुर बनकर दिखा है। उन्होंने कहा कि जब एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा खड़ी होती है, तब विकास में आगे बढ़ने के लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि गोरखपुरवासियों ने विकास के कार्यों में हमेशा सकारात्मक योगदान दिया है। सड़क चैड़ीकरण में अपने घर-दुकान की चिंता न कर, गोरखपुरवासियों ने गोरखपुर के पहचान के लिए हर संभव सहयोग किया है। इसी का परिणाम है कि आज गोरखपुर की सड़कें चौड़ी हो गई हैं। गोरखपुर के ड्रेनेज सिस्टम विकसित हो गए हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि तकनीक की सहायता, टीमवर्क की भावना के साथ नगर निगम गोरखपुर स्वच्छता के लक्ष्य को प्राप्त करते हुए स्वस्थ भारत के माध्यम से विकसित भारत की कल्पना को साकार करने में सहयोग कर रहा है। उन्होंने कहा कि भारत विकसित तभी होगा जब वह स्वच्छता, स्वास्थ्य, विकास, तकनीकी सहित हर क्षेत्र में विकसित हो। समग्र विकास के लक्ष्य को प्राप्त करना ही विकसित होने की दिशा में बढ़ाये गये कदम हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का वर्ष 2047 तक ‘विकसित भारत’ के विजन के अनुरूप ही प्रदेश सरकार कार्य कर रही है ।
समारोह में भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं एमएलसी डॉ धर्मेंद्र सिंह, विधायक महेंद्रपाल सिंह, डॉ विमलेश पासवान, प्रदीप शुक्ल, सरवन निषाद, पूर्व महापौर डॉ सत्या पांडेय, नगर निगम कार्यकारिणी के उप सभापति धर्मदेव चौहान, भाजपा के जिलाध्यक्ष जनार्दन तिवारी, पूर्व जिलाध्यक्ष युधिष्ठिर सिंह, पूर्व महानगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता, माया बाजार वार्ड के पार्षद समद गुरफान आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
नगर निगम परिसर में आयोजित समारोह के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले सफाई मित्रों और पार्षदों को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के हाथों सम्मान मिला। सीएम योगी ने नगर निगम के जलकल विभाग के सफाई मित्र बेलास, सोबराती, जग्गू और स्वास्थ्य विभाग की उर्मिला और अन्नू को प्रशस्ति पत्र और उपहार देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्वच्छ वार्ड प्रतियोगिता के तहत राप्ती नगर की पार्षद पूनम सिंह, विकासनगर के अजय ओझा, गोपालपुर की गुंजा, गिरधरगंज के रणंजय सिंह, नेताजी सुभाषचंद्र बोस नगर की आरती सिंह, चंद्रशेखर आजाद नगर के धर्मेंद्र सिंह, सिविल लाइंस प्रथम के अजय राय, शक्तिनगर की आशा, बसंतपुर के विजयेंद्र अग्रहरि, आत्माराम नगर के अभिषेक शर्मा को सम्मानित किया। इस प्रतियोगिता में सांत्वना पुरस्कार स्वरूप चरगांवा की पार्षद सरोज पासवान, सालिकराम की सरिता यादव और विजय चौक के मनु जायसवाल को भी मुख्यमंत्री ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। मंच से ही मुख्यमंत्री ने सफाई मित्र कल्याण कोष से समीर पुत्र सुनील को एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता का चेक सौंपा। समारोह की समाप्ति पर मुख्यमंत्री ने नगर निगम के सफाई दस्ते में शामिल 12 नए सफाई वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। प्रदेश के पहले अर्बन फ्लड मैनेजमेंट सेल का लोकार्पण किया सीएम ने मंचीय समारोह को संबोधित करने से पूर्व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नगर निगम में बनाए गए प्रदेश के पहले अर्बन फ्लड मैनेजमेंट सेल का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने इस सेल का निरीक्षण कर इसके कार्य करने के तरीके के बारे में जानकारी ली। उन्हें बताया गया कि यह एक तरह से अर्बन फ्लड अर्ली वार्निंग सिस्टम है। इसके तहत शहर के सभी पम्पिंग स्टेशनों के पूर्ण ऑटोमेशन किया गया है। प्राइमरी और सेकेंडरी नालों पर कुल 110 ऑटोमेटिक वाटर लेवल रिकॉर्डर लगाए गए हैं। जब नालों का जल स्तर 80 प्रतिशत से अधिक हो जाता है तो संबंधित अधिकारियों को ऑटोमेटेड अलर्ट भेजी जाती है। ईंधन की कमी और पम्प रख रखाव चेतावनियां भी अधिकारियों को समय रहते भेजी जाती है। मुख्यमंत्री ने इस सिस्टम पर काफी प्रसन्नता व्यक्त की। नगर निगम भवन में सीएम योगी ने महापौर और के साथ अनौपचारिक संवाद करने के साथ ग्रुप फोटो भी खिंचवाई। इन परियोजनाओं का सीएम योगी ने किया लोकार्पण -सीएंडडीएस यूनिट 42 राज्य वित्त से 2.55 करोड़ से अमवा में एनिमल बर्थ कंट्रोल सेंटर -सीएंडडीएस यूनिट 14 द्वारा राज्य स्मार्ट सिटी योजना में निगम परिसर में 2.05 करोड़ रुपये से बनाई गई डिजिटल लाइब्रेरी -उत्तर प्रदेश जल निगम नगरीय द्वारा पंडित दीन दयाल उपाध्याय नगर विकास योजना में 35.42 करोड़ रुपये से रामगढ़झील सौंदर्यीकरण परियोजना फेज 2 के तहत 1700 मीटर लम्बाई में विकसित ताल फ्रंट/नया सवेरा इन प्रमुख परियोजनाओं का हुआ शिलान्यास -उपवन योजना के तहत 4.95 करोड़ रुपये की लागत से दो पार्को का निर्माण -15.74 करोड़ रुपये की लागत से नव सृजित वार्डों में सड़क, नाली, नाला का निर्माण -3 करोड़ रुपये की लागत से नव सृजित वार्डों में 7 पार्कों का निर्माण -सुथनी के वेस्ट प्रोसेसिंग सिटी परिसर में 4.85 करोड़ रुपये से एडमिन ब्लॉक का निर्माण -सुथनी के वेस्ट प्रोसेसिंग सिटी परिसर में 12.09 करोड़ रुपये से आंतरिक सड़कें, नाला-सीवर का कार्य -राज्य स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत 21.20 करोड़ रुपये से जोनल कार्यालय ट्रांसपोर्टनगर और रानीडीहा का निर्माण कार्य -26.80 करोड़ रुपये से नेहरु पार्क (लालडिग्गी) का सौंदर्यीकरण कार्य -मुख्यमंत्री वैश्विक नगरोदय योजना के तहत 24.40 करोड़ रुपये से वर्किंग वुमेन हॉस्टल और को वर्किंग स्पेस का निर्माण -12.148 करोड़ रुपये की लागत से नकहा ओवरब्रिज मुख्य मार्ग से रामजानकी नगर चौराहा होते हुए हड़हवा फाटक रोड तक मार्ग चौड़ीकरण एवं सृदृढीकरण का कार्य -मुख्यमंत्री नगरीय अल्प विकसित मलिन बस्ती विकास योजना के तहत 60.52 करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न वार्डों में सड़क, नाली निर्माण।